एकादशी की संपूर्ण व्रत कथाए ! एकादशी व्रत कथा क्या है?

एकादशी व्रत कथा

एकादशी व्रत कथा क्या है ?

हिंदु धर्म में एकादशी का अनन्यसाधारण महत्त्व है.एकादशी व्रत समस्त अनुष्ठानो में सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है.भगवान कृष्ण को एकादशी व्रत का अनुष्ठान बेहद पसंद है.एकादशी के दिन भगवान का नामस्मरण कर एकादशी व्रत कथा सुनी जाती है.

हिंदु धर्म की मान्यताओ के अनुसार एकादशी की रात्रि में जागरण करने से जो फल प्राप्त होता है वह हजारों वर्ष तक तपस्या करने पर भी नहीं मिलता.प्रत्येक वर्ष चौबीस एकादशियाँ होती हैं.लेकिन अधिकमास या मलमास आनेपर इनकी संख्या बढ़कर 26 हो जाती है.इस आर्टिकल में हम सालभर आनेवाली सभी एकादशीयों और एकादशी व्रत कथा के बारेमें जानेंगे.

सफला एकादशी व्रत कथा

पौष कृष्ण पक्ष की एकादशी को सफला एकादशी कहा जाता है.सफला एकादशी भगवान विष्णु को समर्पित है.धन प्राप्ति और आर्थिक समृद्धि के लिए सफला एकादशी को भगवान विष्णु के साथ माँ लक्ष्मी की पूजा की जाती है.सफला एकादशी को लहसुन,शराब और नशीली चीजो का सेवन वर्जित है.इस बार सफला एकादशी 1 जनवरी 2019 को मंगलवार के दिन है.

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पौष पुत्रदा एकादशी व्रत कथा

पुत्रदा एकादशी का व्रत संतान प्राप्ति के लिए किया जाता है. इस दिन व्रत रखकर भगवान का नामस्मरण करने से संतान से जुडी सभी समस्याओं का समाधान होता है. इस बार पौष पुत्रदा एकादशी 17 जनवरी 2019 को गुरुवार के दिन है.

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षटतिला एकादशी व्रत कथा

षट्तिला एकादशी का व्रत रखते से अनजाने में हुए सभी पाप मिट जाते है.षटतिला एकादशी करने वाले को भगवान सभी अपराधों से मुक्त कर देते हैं.इस दिन तिल से स्नान और तिल दान करने का महत्व है.मान्यताओं के अनुसार इस दिन जो व्यक्ति जितने तिलों का दान करता है उसे उतने ही हजार साल स्वर्ग में रहने का अवसर मिलता है.इस बार षटतिला एकादशी 31 जनवरी 2019 को गुरुवार के दिन है.

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जया एकादशी व्रत कथा

माघ शुक्ल पक्ष की एकादशी को जया एकादशी कहा जाता है.जया एकादशी व्रत से मनुष्य भुत,पिशाच जैसे जीवों में जन्म लेने से बच जाता है.इस बार जया एकादशी 16 फरवरी 2019 को शनिवार के दी है.

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विजया एकादशी व्रत कथा

विजया एकादशी व्रत कथाविजया एकादशी को विजय प्रदान करने वाली एकादशी कहा जाता है.इस एकादशी के व्रत से सुनिश्चित हार को भी जित में बदला जा सकता है.पुराने ज़माने ने राजा महाराजा अपनी जित सुनिश्चित करने के लिए विजया एकादशी का व्रत कर युद्ध पर निकलते थे.

धार्मिक कथाओ के अनुसार भगवान राम ने विजया एकादशी के अनुष्ठान की शुरुआत की थी.इस बार विजया एकादशी 2 मार्च 2019 को शनिवार के दिन है.

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आमलकी एकादशी व्रत कथा

फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी को आमलकी एकादशीकहते है.मान्यताओं के अनुसार आमलकी एकादशी के व्रत का फल हजार गायों के दान जितना होता है.जो लोग आमलकी एकादशी करते है उन्हें विष्णुलोक जानेका भाग्य मिलता है.इस बार आमलकी एकादशी 17 मार्च 2019 को रविवार के दिन है.

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पापमोचनी एकादशी व्रत कथा

चैत्र मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी को पापमोचनी एकादशी कहा जाता है.पापमोचनी एकादशी के व्रत से इंसान को सारे पापों से मुक्ति मिलती है.इस दिन भगवान विष्णु के चतुर्भुज अवतार की पूजा की जाती है.इस बार पापमोचनी एकादशी 31 मार्च 2019 को रविवार के दिन है.पापमोचनी एकादशी के एक दिन बाद वैष्णव पापमोचनी एकादशी को मनाया जाता है.इस बार वैष्णव पापमोचनी एकादशी 1 अप्रैल 2019 को सोमवार के दिन है.

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कामदा एकादशी व्रत कथा

चैत्र शुक्ल पक्ष में आनेवाली एकादशी को कामदा एकादशी कहा जाता है.कामदा एकादशी के व्रत से ब्रह्महत्या और पिशाचत्व जैसे पापों और दोषों से मुक्ति मिलती है.इस बार कामदा एकादशी 15 अप्रैल 2019 को सोमवार के दीन है.

गौण कामदा एकादशी को वैष्णवा कामदा एकादशी भी कहा जाता है.गौण कामदा एकादशी कामदा एकादशी के अगले दिन होती है.इस बार गौण कामदा एकादशी 16 अप्रैल 2019 को मंगलवार के दीन है.

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वरुथिनी एकादशी व्रत कथा

वैशाख मास के कृष्णपक्ष की एकादशी को वरूथिनी एकादशी कहा जाता है.वरुथिनी एकादशी को भोग और मोक्ष प्रदान करने वाली एकादशी कहा जाता है.माना जाता है की वरुथिनी एकादशी की रात में जागरण करके भगवान कृष्ण की पूजा और नामस्मरण करने से व्यक्ति सब पापों से मुक्त होकर परमगति को प्राप्त होता है.इस बार वरुथिनी एकादशी 30 अप्रेल 2019 को मंगलवार के दिन है.

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मोहिनी एकादशी व्रत कथा

वैशाख मास के शुक्लपक्ष की एकादशी को मोहिनी एकादशी कहा जाता है.मोहिनी एकादशी को व्रत रखने से बड़े से बड़े पाप नष्ठ हो जाते है.मोहिनी एकादशी को व्रत रखने से मोहजाल से मुक्ति मिलती है.इस बार मोहिनी एकादशी 15 मई 2019 को बुधवार के दिन है.

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अपरा एकादशी व्रत कथा

ज्येष्ठ कृष्ण एकादशी को अपरा एकादशी कहा जाता है.इस एकादशी का व्रत करने से मनुष्य को अपार लाभ मिलता है.अपरा एकादशी के पूजन से ब्रम्हहत्या,गो हत्या,भ्रूणहत्या,परस्त्री गमन जैसे पापों से छुटकारा मिल जाता है.इस बार अपरा एकादशी 30 मई 2019 को गुरुवार के दिन है.

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निर्जला एकादशी व्रत कथा

ज्येष्ठ मास की शुक्ल पक्ष की एकादशी को निर्जला एकादशी कहते है.निर्जला एकादशी के व्रत मे पानी पीना वर्जित है इसिलिये इस निर्जला एकादशी कहा जाता है.इस एकादशी को निर्जल उपवास कर शेषशायी भगवान विष्णु का पूजन किया जाता है.इस बार निर्जला एकादशी 13 जून 2019 को गुरुवार के दिन है.

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योगिनी एकादशी व्रत कथा

आषाढ़ मास की कृष्ण एकादशी को योगनी एकादशी कहते है.योगिनी एकादशी को शयनी एकादशी भी कहा जाता है.योगिनी एकादशी के व्रत से 88 हजार ब्राम्हणों को भोजन कराने के फल जितना पूण्य मिलता है.इस बार योगिनी एकादशी 29 जून 2019 को शनिवार के दिन है.

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देवशयनी एकादशी व्रत कथा

देवशयनी एकादशी व्रत कथाआषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देवशयनी एकादशी कहा जाता है.देवशयनी एकादशी को पद्मनाभा एकादशी भी कहते हैं.देवशयनी एकादशी से चातुर्मास का आरंभ माना जाता है.इस दिन के बाद भगवान विष्णु चार मास के लिए निद्रा में चले जाते है.इस एकादशी के व्रत का पालन करने पर मनुष्य की सभी मनोकामना पूर्ण होती है.इस बार देवशयनी एकादशी 12 जुलाई 2019 को शुक्रवार के दिन है.

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कामिका एकादशी व्रत कथा

श्रावण मास की कृष्ण एकादशी को कामिका एकादशी कहते है.कामिका का एकादशी को भगवान कृष्ण और भगवान विष्णु की पूजा की जाती है.इस एकादशी चावल और चावल से बनी चीज का सेवन वर्जित है. कामिका एकादशी को तुलसीपत्र के सेवन से विशेष लाभ मिलता है.इस बार कामिका एकादशी 28 जुलाई 2019 को रविवार के दिन है.

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श्रावण पुत्रदा एकादशी व्रत कथा

पवित्र श्रावण मास की शुक्ल पक्ष की एकादशी को श्रावण पुत्रदा एकादशी कहा जाता है.हिंदु मान्यताओं के अनुसार पुत्र प्राप्ति की इच्छा रखने वालों को इस व्रत का पालन करने से संतान की प्राप्ति होती है.इस बार श्रावण पुत्रदा एकादशी 11 अगस्त 2019 को रविवार के दिन है.

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अजा एकादशी व्रत कथा

अजा एकादशी भाद्रपद कृष्ण एकादशी को कहते है.हिंदु मान्यताओं के अनुसार अजा एकादशी के व्रत को सुनने से सभी पाप नष्ट हो जाते है और मनुष्य को स्वर्गप्राप्ति होती है.अजा एकादशी की कथा को सुननेसे अश्वमेध यज्ञ का फल प्राप्त होता है.इस बार अजा एकादशी 26 अगस्त 2019 को सोमवार के दिन है.

गौण अजा एकादशी को वैष्णवा अजा एकादशी भी कहा जाता है.गौण अजा एकादशी अजा एकादशी के एक दिन बाद आती है.इस बार गौण अजा एकादशी 27 अगस्त 2019 को मंगलवार के दिन है.

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परिवर्तिनी एकादशी व्रत कथा

भाद्रपद शुक्ल एकादशी को परिवर्तिनी एकादशी कहा जाता है.इस एकादशी को पार्श्व एकादशी और जयंती एकादशी के नाम से भी जाना जाता है.परिवर्तिनी एकादशी को भगवान विष्णु के वामन रूप की पूजा की जाती है.इस बार परिवर्तिनी एकादशी 9 सितंबर 2019 को सोमवार के दिन है.

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इंदिरा एकादशी व्रत कथा

आश्विन कृष्ण एकादशी को इंदिरा एकादशी कहा जाता है. इस एकादशी की व्रत कथा सुनने से सभी तरह के पाप नष्ट हो जाते है. इस एकादशी के पालन से मनुष्य सभी तरह के भोगवस्तुओं को भोगने के बाद भी स्वर्गलोक जा सकता है.इस बार इंदिरा एकादशी 25 सितंबर 2019 को बुधवार के दिन है.

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पापांकुशा एकादशी व्रत कथा

आश्विन शुक्ल एकादशी को पापांकुशा एकादशी कहते है.इस एकादशी को पापों का नाश करने वाली एकादशी कहते है.पापांकुशा एकादशी को विधिपूर्वक भगवान पद्मनाभ की पूजन किया जाता है.पापांकुशा एकादशी के पालन से मनुष्य को मनवांछित फल मिलता है.इस बार पापांकुशा एकादशी 9 अक्टूबर 2019 को बुधवार के दिन है.

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रमा एकादशी व्रत कथा

कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी को रमा एकादशी कहा जाता है.इस दिन मनुष्य अगर कोई पुण्य करता है तो उसे उसका लाभ अवश्य मिलता है.इस बार रमा एकादशी 24 अक्टूबर 2019 को गुरुवार के दिन है.

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देवोत्थान एकादशी व्रत कथा

देवोत्थान एकादशी व्रत कथाकार्तिक शुक्ल एकादशी के दिन देवोत्थान एकादशी होती है. इस एकादशी को देव प्रबोधिनी एकादशी भी कहा जाता है.देवशयनी एकादशी के बाद भगवान विष्णु चार मास के लिए निद्रा में चले जाते है.इसलिए देवोत्थान एकादशी को भगवान विष्णु को निद्रा से उठाया जाता है.हिंदु पुराणों के अनुसार इस एकादशी का व्रत करने से एक हजार अश्वमेध यज्ञ और सौ राजसूय यज्ञों का फल मिलता है.इस बार देवोत्थान एकादशी 8 नवंबर 2019 को शुक्रवार के दिन है.

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उत्पन्ना एकादशी व्रत कथा

मार्गशीर्ष मास के कृष्णपक्ष की एकादशी को उत्पन्ना एकादशी कहा जाता है.हेमंत ऋतु के मार्गशीर्ष कृष्णपक्ष की एकादशी से इस व्रत का आरंभ होता है.इस व्रत के पालन से हर मनोकामना पूर्ण होती है.इस बार उत्पन्ना एकादशी 22 नवंबर 2019 को शुक्रवार के दिन है.

उत्पन्ना एकादशी के एक दीन बाद गौण तथा वैष्णव एकादशी को मनाया जाता है.इस बार रमा एकादशी 23 नवंबर 2019 को शनिवार के दिन है.

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मोक्षदा एकादशी व्रत कथा

मार्गशीर्ष मास के शुक्लपक्ष की एकादशी को मोक्षदा एकादशी कहा जाता है.मोक्षदा एकादशी को भगवान कृष्ण की पूजा का महत्त्व है.इस दिन दिन तुलसी की मंजरी और धूपदीप से भगवान कृष्ण की पूजा करनी चाहिए.इस बार मोक्षदा एकादशी 8 दिसंबर 2019 को रविवार के दिन है.

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सफला एकादशी व्रत कथा

इस साल सफला एकादशी दो बार आनेवाली है.सफला एकादशी को सफलता के लिए मनाया जाता है.दूसरी बार सफला एकादशी 22 दिसंबर 2019 को रविवार के दिन है.

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नोट:-इस आर्टिकल में लिखी गयी सभी जानकारी को लिखनें मे बेहद सावधानी बरती गयी है.फिर भी किसी भी प्रकार त्रुटि की संभावना से इनकार नही किया जा सकता.इसके लिए आपके सुझाव कमेंट के माध्यम से सादर आमंत्रित हैं.

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