गर्भ में लड़का होने के लक्षण कौनसे है?

लड़का होने के लक्षण

गर्भ में लड़का होने के लक्षण को लेकर भारतीय समाज की धारणा

लड़का होने के लक्षण हर कोई जानना चाहता है. आर्टिकल की शुरुआत करने से पहले आपको सूचित कर दे की,भारत में भ्रूण लड़का है या लड़की है यह जाचना क़ानूनी तौर पर जुर्म है.साथ ही नैतिक रूप से भी यह गलत है.हम यानि “kyakyukaun.com लड़का और लड़कियों में भेद नही करते है.हम सभी को समान मानते है.यह आर्टिकल केवल अपने पाठकों की मांग पूरी करने के लिए लिखा गया है.

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भारत में पुराने दौर से ही पेट में पल रहे भ्रूण के बारे में अनुमान लगाया जाता है.अपने अपने ज्ञान के हिसाब से हर कोई गर्भ में लड़का है या लड़की इस बात का अनुमान लगाने की कोशिश करता है.पुराने ज़माने में प्रेग्नेंट औरत की चाल देख कर ही पेट में पल रहे भ्रूण के बारे में भविष्यवाणिया कियी जाती थी.और कुछ हद तक यह भविष्यवाणी सटीक साबित होती थी.लेकिन जैसे जैसे वक़्त बीतता गया यह ज्ञान भी ओझल हो गया.आज भी समाज कुछ ऐसी बातों पर विश्वास रखता है.जिन्हें गर्भ में लड़का होने के लक्षण के तौर पर देखा जाता है.इस आर्टिकल में हम ऐसे ही कुछ मान्यताओं को बता रहे है, जिसे समाज गर्भ में लड़का होने के लक्षण के तौर पर देखता है.

गर्भ में लड़का होने के लक्षण कौनसे है?

पेट का वजन बढना लड़का होने के लक्षण होता है
अगर गर्भवती महिला के पेट का वजन बढ़ता है,तो उसे गर्भ में लड़का होने का लक्षण समझा जाता है.पेट में पल रहे लड़की के तुलना में लडके का वजन ज्यादा होता है.इसलिए अगर पेट में पल रहा भ्रूण लड़का है तो गर्भवती महिला के पेट का वजन बढ़ जाता है. और ऐसी स्थिति में आप अनुमान लगा सकते है की,पेट में पल रहा भ्रूण लड़का है.

भ्रूण के दिल की धीमी धड़कन लड़का होने का लक्षण होता है !

लड़का होने के लक्षण

पेट में पल रहे 18 से 20 सप्ताह के भ्रूण की दिल की धडकन को स्टेथस्कोप की मदत से सुना जा सकता है.अगर भ्रूण की दिल की धड़कन धीमी है तो उसे लड़का होने का लक्षण समझा जाता है.

चेहरे पर पिम्पल मुँहासे आना लड़का होने का लक्षण होता है !

गर्भावस्था के दौरान माँ के मुह पर पिम्पल मुँहासे आने को लड़का होने का लक्षण समझा जाता है.गर्भावस्था के दौरान बदलते हुए हार्मोन्स की वजह मुह पर पिम्पल और मुँहासे आते है.

स्ट्रेच मार्क्स का फैलना लड़का होने के लक्षण होता है !

गर्भावस्था के दौरान पेट में भ्रूण होने की वजह से महिला का पेट फुल जाता है.जिसकी वजह से पेट पर स्ट्रेच मार्क्स पड जाते है.आमतौर पर यह स्ट्रेच मार्क पेट और कमर के इर्द गिर्द होते है.अगर यह स्ट्रेच मार्क्स ज्यादा फ़ैल जाए यानि स्ट्रेच मार्क्स महिला के पसलियों, जांघो तक फैले तो इसे पेट में लड़का होने का लक्षण माना जाता है.

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गर्भवती महिला के पैर ठंडे पड़ना लड़का होने के लक्षण होता है !

वैसे तो हर गर्भवती महिला को अपना बदन ठंडा लगता है.बच्चा पैदा होने के बाद भी माँ को बेहद ज्यादा ठण्ड लगती है.अगर गर्भ में पल रहा भ्रूण लड़का हो तो ठंड की वजह से गर्भवती महिला को अपने पैर महसूस नही होते.ठन्डे पैरो की वजह से कभी कबार रात को सोते समय गर्भवती महिला अपने पैरो को आपस में रगड़ती है.इसे भी पेट में लड़का होने का लक्षण माना जाता है.

उलटी होना लड़का होने के लक्षण होता है !

गर्भावस्था के दौरान उल्टियां होना आमा बात है.अगर पेट में लड़का है तो उल्टियां होने का प्रमाण बढ़ जाता है.वही पेट में लड़की होने पर उतनी ज्यादा उल्टियां नही होती. माना जाता है की,पेट में पल रहा भ्रूण लड़का हुआ तो गर्भवती महिला को सुकी उल्टियां होती है.यानि उलटी होने के दौरान केवल आवाज निकलती है और कुछ नही.

खट्टा खाने की इच्छा होना लड़का होने के लक्षण होता है !

लड़का होने के लक्षण

हम अक्सर टीवी,फिल्मो में देखते है की प्रेग्नेंट औरत को आम,ईमली,संतरा,स्ट्राबेरी और आचार जैसी चीजे खाने की इच्छा होती है.असली जीवन में भी कुछ औरतो को खट्टा खाने की इच्छा होती है.और कुछ औरतो को ऐसी कोई इच्छा नही होती.भारतीय समाज में ऐसी धारणा है की,अगर प्रेग्नेंट औरत को खट्टी चीजे खाने की इच्छा हो तो यह लड़का होने के लक्षण है.और प्रेग्नेंट औरत को खट्टी चीजे खाने का मन ना करे तो लड़की पैदा होती है.हालांकि इसका कोई वैज्ञानिक प्रमाण नही है लेकिन समाज में ऐसी धारणा है.

भूख बढना लड़का होने के लक्षण है !

गर्भवती महिला के आहार का विशेष ध्यान रखना जरुरी होता है. गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को उल्टियां होती है, इसलिए कही महिला कम खाना खाती है.लेकिन अगर पेट में पलने वाला भ्रूण लड़का हुआ तो गर्भवती महिला की भूख बढ़ जाती है. पेट में लड़का होने पर गर्भवती महिला को हर कुछ मिनटो बाद खाना खाने की इच्छा होती है.

जल्दी गुस्सा आना होता है लड़का होने के लक्षण !

माना जाता है की पेट में पलने वाला भ्रूण लड़का हो तो गर्भवती महिला को बेहद जल्दी गुस्सा आने लगता है. पेट में लड़का होने पर गर्भवती महिला छोटी छोटी बातो पर चिढने लगती है.उसका खुद पर काबु नही होता.वो हमेशा किसी तनाव को महसूस करती है इसी वजह से छोटी छोटी बातों पर वह गुस्सा करने लगती है.

पैर भारी होना लड़का होने के लक्षण  होता है !

भारत में पैर भारी होने का मतलब ही गर्भवती होना होता है.माना जाता है की पेट में पलने वाला भ्रूण लड़का हो तो गर्भवती महिला को चलने में तकलीफ होती है. गर्भवती महिला के पैर भारी हो जाते है और उसे पैर उठाने में तकलीफ होती है.ऐसा पेट में पलने वाले लड़के के वजन की वजह से होता है.जैसे की हमने ऊपर बताया पेट में पल रहे लडके का वजन लड़की के तुलना में ज्यादा होता है.

हथेलियों का सुकना लड़का होने का लक्षण होता है !

गर्भावस्था के दौरान महिला के हथेलियों के सुकने को लड़का होने का लक्षण समझा जाता है.अगर पेट में लड़का हो तो गर्भवती महिला की हथेलियो में पसीना बेहद कम आता है. इसी वजह से गर्भवती महिला की हथेलिया सुक जाती है, रूखी पड़ जाती है.

अनचाही जगहों पर बाल उगना लड़का होने का लक्षण होता है !

कई बार गर्भवती महिला के हाथो, पैरो,नाक में और नाक के निचे भी कोमल बाल उगने लगते है.अगर गर्भवती महिला को अनचाहे जगहों पर अधिक मात्रा में बाल उगने लगे तो इसे भी पेट में लड़का होने का लक्षण माना जाता है.हालांकि इसका कोई वैज्ञानिक आधार नही है.

नोट:- ऊपर बताई गयी सभी जानकारी अलग अलग समाज में गर्भावस्था से जुडी आम धारणा से प्रेरित है.इसका कोई वैज्ञानिक आधार है या नही इसकी पुष्टि “kyakyukaun.com” नही करता.

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